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रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार 2024: डेविड बेकर, डेमिस हसाबिस और जॉन जम्पर को मिला

[Source: The Hindu]

संक्षेप नोट्स परीक्षा के दृष्टि से

रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार 2024

परिचय

  • घोषणा: 9 अक्टूबर 2024
  • पुरस्कार विजेता:
    • डेविड बेकर (अमेरिका)
    • डेमिस हसाबिस (ब्रिटेन)
    • जॉन एम. जम्पर (अमेरिका)
  • डेविड बेकर का योगदान: कम्प्यूटेशनल प्रोटीन डिज़ाइन
  • डेमिस हसाबिस और जॉन एम. जम्पर का योगदान: अमीनो एसिड अनुक्रमों से प्रोटीन संरचनाओं की भविष्यवाणी
  • अन्य नोबेल पुरस्कार 2024
    • मेडिसिन में नोबेल पुरस्कार (7 अक्टूबर 2024):
      • विक्टर एम्ब्रोस, गैरी रुवकुन
      • खोज: माइक्रो RNA (राइबोन्यूक्लिक एसिड)
    • फिजिक्स में नोबेल पुरस्कार (8 अक्टूबर 2024):
      • जैफ्री ई. हिंटन, जॉन जे. होपफील्ड
      • मशीन लर्निंग और आर्टिफिशियल न्यूरॉन्स
  • रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार 2023: माउंगी बावेंडी, लुइस ब्रुस, एलेक्सी एकिमोव (क्वांटम डॉट्स)

पुरस्कार वितरण

  • तारीख: 10 दिसंबर 2024 (अल्फ्रेड नोबेल की पुण्यतिथि)
  • स्थान: कारोलिंस्का इंस्टीट्यूट, स्टॉकहोम, स्वीडन

पुरस्कार के घटक

  • शामिल:
    • पदक
    • डिप्लोमा
    • मौद्रिक प्रमाण पत्र
    • पुरस्कार राशि:
      • 11 मिलियन क्रोनर
      • आधा पुरस्कार: डेविड बेकर
      • दूसरा आधा: डेमिस हसाबिस और जॉन एम. जम्पर
  • पदक का डिज़ाइन:
    • सामने: अल्फ्रेड नोबेल की प्रोफ़ाइल
    • पीछे: रसायन विज्ञान पदक के लिए अद्वितीय डिज़ाइन।

तीनों नोबेल पुरस्कार विजेता वैज्ञानिकों का कार्य

प्रोटीन की भूमिका:

  • प्रोटीन अमीनो एसिड से बने होते हैं और मानव शरीर में सभी रासायनिक प्रतिक्रियाओं को नियंत्रित और संचालित करते हैं। ये हार्मोन, संकेत पदार्थ, एंटीबॉडी और विभिन्न ऊतकों के निर्माण खंड के रूप में कार्य करते हैं।

प्रोटीन में अमीनो एसिड:

  • सामान्यतः प्रोटीन में 20 प्रकार के अमीनो एसिड होते हैं, जिन्हें जीवन के निर्माण खंड (Building Blocks of Life) कहा जाता है।

डेविड बेकर का योगदान (2013):

  • 2013 में डेविड बेकर ने एक नया प्रकार का प्रोटीन डिजाइन किया, जो किसी भी अन्य प्राकृतिक प्रोटीन से बिल्कुल अलग था। यह वैज्ञानिक सफलता प्रोटीन के अनुकूलन के लिए नए अवसर प्रस्तुत करती है।

डेमिस हसाबिस और जॉन जम्पर का योगदान (2020):

  • 2020 में, डेमिस हसाबिस और जॉन जम्पर ने अल्फाफोल्ड2 नामक एक एआई मॉडल विकसित किया। इस मॉडल ने मानवता को ज्ञात लगभग सभी 200 मिलियन प्रोटीन की संरचना की जानकारी प्रदान की, जो वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।

विज्ञान में अनुप्रयोग:

  • इन तीनों वैज्ञानिकों के कार्य ने कई वैज्ञानिक अनुप्रयोगों को जन्म दिया है, जैसे:
    • एंटीबायोटिक प्रतिरोध को बेहतर तरीके से समझना।
    • उन एंजाइमों की संरचना का पता लगाना जो प्लास्टिक को विघटित कर सकते हैं।

भारतीय/भारतीय मूल के रसायन विज्ञान के नोबेल पुरस्कार विजेता

  • वेंकटरमन रामकृष्णन (2009):
    • भारतीय मूल
    • ब्रिटेन और अमेरिका की दोहरी राष्ट्रीयता
    • रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार

रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार के बारे में

  • स्थापना: अल्फ्रेड नोबेल की 1895 की वसीयत के अनुसार।
  • पुरस्कार देने वाला संस्थान: करोलिंस्का संस्थान का नोबेल असेंबली
  • वार्षिक प्रस्तुति: 10 दिसंबर (अल्फ्रेड नोबेल की पुण्यतिथि)
  • पहला रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार: जैकोबस हेनरिकस वान टी हॉफ (1901, नीदरलैंड)
  • रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार के दो बार विजेता:
    • फ्रेडरिक सेंगर (1958, 1980, इंग्लैंड)
    • बैरी शार्पलेस (2001, 2022, अमेरिका)
  • पहली महिला रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार विजेता: मैडम मैरी क्यूरी (1911, पोलोनियम और रेडियम की खोज)
  • नोबेल पुरस्कार के क्षेत्र: भौतिकी, रसायन विज्ञान, शरीर विज्ञान/चिकित्सा, साहित्य, शांति, अर्थशास्त्र
  • सबसे उम्रदराज नोबेल विजेता: जॉन बी. गुडएनफ (97 वर्ष, 2019, केमिस्ट्री)

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